बिहार की राजधानी पटना आगामी 16 जुलाई को भगवान जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा का साक्षी बनने जा रही है। इस धार्मिक और सांस्कृतिक उत्सव को लेकर तैयारियां अपने अंतिम चरण में हैं। बिहार राज्य धार्मिक न्यास पर्षद के तत्वावधान में आयोजित होने वाली इस रथयात्रा की शुरुआत गर्दनीबाग ठाकुरबाड़ी से होगी। इस भव्य आयोजन का शुभारंभ बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी करेंगे। श्रीराधा कुंज बिहारी मठ के संत-महात्मा इस पूरे आयोजन को भव्य और सुव्यवस्थित बनाने के लिए दिन-रात तैयारियों में जुटे हुए हैं।
जगन्नाथपुरी से आए विग्रह और बेगूसराय का हाइड्रोलिक रथ
इस वर्ष की रथयात्रा कई मायनों में बेहद खास और भव्य होने वाली है। रथयात्रा के लिए भगवान जगन्नाथ, उनके भ्राता बलदेव और बहन माता सुभद्रा के विशेष काष्ठ विग्रह सीधे ओडिशा के जगन्नाथपुरी से मंगवाए गए हैं। इसके अलावा, श्रद्धालुओं के लिए मुख्य आकर्षण का केंद्र रहने वाला 40 फीट ऊंचा हाइड्रोलिक रथ विशेष रूप से बेगूसराय से पटना लाया गया है। इस रथ की भव्यता और तकनीक लोगों को आकर्षित करेगी।

धार्मिक कार्यक्रम और जगन्नाथ महाकथा का आयोजन
रथयात्रा के मुख्य आयोजन से पहले गर्दनीबाग ठाकुरबाड़ी में दो दिवसीय जगन्नाथ महाकथा का आयोजन किया जाएगा।
- तारीख और समय: 14 और 15 जुलाई को प्रतिदिन दोपहर 3:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक महाकथा होगी।
- कथावाचक: इस महाकथा का वाचन परमपूज्य भक्ति प्रमोद भागवत स्वामी महाराज द्वारा किया जाएगा।
- विशेष कथा: रथयात्रा के दिन यानी 16 जुलाई को भी दोपहर 1:00 बजे से 2:00 बजे तक विशेष जगन्नाथ महाकथा का आयोजन किया जाएगा।
इन मार्गों से गुजरेगी भगवान की रथयात्रा
16 जुलाई को निकलने वाली यह भव्य रथयात्रा गर्दनीबाग ठाकुरबाड़ी से प्रस्थान करेगी। इसके बाद यह रथयात्रा निम्नलिखित प्रमुख मार्गों से होकर गुजरेगी:
- मीठापुर
- अनिसाबाद
- कच्ची तालाब
- बेऊर मोड़
इन सभी क्षेत्रों का भ्रमण करने के बाद रथयात्रा पुनः गर्दनीबाग ठाकुरबाड़ी वापस लौटेगी। यहां पहुंचने पर भगवान जगन्नाथ की भव्य आरती उतारी जाएगी, जिसके बाद उन्हें छप्पन भोग अर्पित किया जाएगा। इसके पश्चात श्रद्धालुओं के लिए एक विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा, जिसमें भारी संख्या में भक्तों के शामिल होने की उम्मीद है।
पश्चिम बंगाल और वृंदावन के कलाकारों की प्रस्तुति
इस वर्ष रथयात्रा के दौरान सांस्कृतिक और आध्यात्मिक रंग बिखेरने के लिए विशेष मंडलियों को आमंत्रित किया गया है। इसमें पश्चिम बंगाल के मायापुर से आए विशेष मृदंग वादक अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे। साथ ही, उत्तर प्रदेश के वृंदावन की प्रसिद्ध कीर्तन मंडली भी रथयात्रा के दौरान सुमधुर कीर्तन से पूरे माहौल को भक्तिमय बनाएगी। इस भव्य आयोजन में पटना और आसपास के इलाकों से हजारों श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।

पटना जंक्शन से अमरनाथ यात्रा के लिए रवाना हुए 525 श्रद्धालु
एक तरफ जहां पटना में रथयात्रा की तैयारियां जोरों पर हैं, वहीं दूसरी तरफ बाबा अमरनाथ के दर्शन के लिए भी श्रद्धालुओं का उत्साह चरम पर है। शनिवार को पटना जंक्शन से 'जय बाबा अमरनाथ बर्फानी संघ, पटना (बिहार)' के तत्वावधान में 525 श्रद्धालुओं का एक विशाल जत्था अर्चना एक्सप्रेस के माध्यम से अमरनाथ यात्रा के लिए रवाना हुआ। स्टेशन पर प्रस्थान के समय श्रद्धालुओं ने 'जय बाबा बर्फानी' के गगनभेदी जयकारे लगाए और अपनी सुरक्षित व सुखद यात्रा की कामना की।

1998 से लगातार सेवा में जुटा है संघ
इस यात्रा का नेतृत्व कर रहे रावेश कुमार ने बताया कि उनकी संस्था 'जय बाबा अमरनाथ बर्फानी संघ' वर्ष 1998 से लगातार श्रद्धालुओं को अमरनाथ यात्रा पर ले जाने का कार्य कर रही है। संस्था द्वारा हर वर्ष यात्रा मार्ग पर एक विशाल भंडारे का भी आयोजन किया जाता है। इस भंडारे के माध्यम से अमरनाथ जाने वाले श्रद्धालुओं को भोजन, विश्राम और अन्य आवश्यक सुविधाएं पूरी तरह से निःशुल्क उपलब्ध कराई जाती हैं ताकि उनकी यात्रा सुगम हो सके।





