पटना (खबर डोज़ ब्यूरो)। बिहार विधान परिषद की आठ स्नातक और शिक्षक निर्वाचन सीटों पर होने वाले भावी चुनाव को लेकर राज्य की राजनीति में सरगर्मी बढ़ गई है। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) द्वारा छह सीटों पर एकतरफा प्रत्याशियों के नाम घोषित किए जाने के बाद महागठबंधन के सहयोगी दलों के बीच तनातनी देखने को मिल रही है। इस फैसले ने कांग्रेस और सीपीआई जैसी सहयोगी पार्टियों के सामने अपनी सीटों को बचाने और अलग रणनीति बनाने की चुनौती पेश कर दी है।
विधान परिषद की जिन आठ सीटों पर चुनाव होना है, उनमें चार स्नातक क्षेत्र (पटना, दरभंगा, तिरहुत और कोसी) तथा चार शिक्षक क्षेत्र (पटना, दरभंगा, तिरहुत और सारण) शामिल हैं। इन सीटों का प्रतिनिधित्व कर रहे सदस्यों का कार्यकाल नवंबर 2026 में समाप्त होने वाला है। इसके बावजूद विभिन्न राजनीतिक दलों ने समय से पहले ही अपने उम्मीदवारों की घोषणा और संगठनात्मक तैयारी शुरू कर दी है। इन सीटों पर आम voters के बजाय केवल पंजीकृत स्नातक और शिक्षक ही मतदान करते हैं।

सीटों के समीकरण और महागठबंधन के भीतर खींचतान
राजद ने आठ में से छह सीटों पर प्रत्याशियों का ऐलान कर दिया है। राजद ने पटना स्नातक, पटना शिक्षक, कोसी स्नातक, दरभंगा स्नातक, सारण शिक्षक और तिरहुत स्नातक सीटों पर उम्मीदवार तय किए हैं। हालांकि, पार्टी ने फिलहाल दरभंगा शिक्षक और तिरहुत शिक्षक सीटों पर प्रत्याशी घोषित नहीं किए हैं।
इस एकतरफा फैसले पर कांग्रेस ने खुलकर असहमति जाहिर की है। कांग्रेस का कहना है कि गठबंधन के साथियों के साथ बिना पूर्व चर्चा के प्रत्याशी तय करना उचित नहीं है। दरअसल, दरभंगा शिक्षक सीट से कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ. मदन मोहन झा मौजूदा विधान पार्षद हैं। डॉ. झा 2020 में भी इस सीट से चुनाव जीत चुके हैं और पार्टी इस सीट पर अपनी मजबूत दावेदारी मानती है।
दूसरी तरफ, तिरहुत शिक्षक सीट से भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीआई) के संजय कुमार सिंह मौजूदा विधान पार्षद हैं। सीपीआई भी अपने इस पारंपरिक गढ़ पर दोबारा चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही है। ऐसे में राजद की ओर से अन्य सीटों पर एकतरफा नाम तय कर दिए जाने से गठबंधन के भीतर सीटों के औपचारिक तालमेल पर सवाल खड़े हो गए हैं।

जदयू की तैयारी और जन सुराज का त्रिकोणीय मुकाबला
सत्तारूढ़ जनता दल यूनाइटेड (जदयू) ने भी चार प्रमुख सीटों पर अपने प्रत्याशियों के नाम घोषित कर दिए हैं। जदयू ने पटना स्नातक सीट से अपने मौजूदा विधान पार्षद और प्रवक्ता नीरज कुमार को फिर से मैदान में उतारा है। इसके साथ ही पार्टी ने तिरहुत स्नातक, सारण शिक्षक और दरभंगा शिक्षक सीटों पर भी उम्मीदवार तय किए हैं।
इस बार के एमएलसी चुनाव में प्रशांत किशोर के संगठन 'जन सुराज' की सीधी एंट्री ने मुकाबले को बहुकोणीय बना दिया है। जन सुराज ने सभी आठों स्नातक और शिक्षक सीटों पर अपने उम्मीदवारों का ऐलान कर दिया है। पटना स्नातक सीट पर जन सुराज ने डॉ. अनुज सिंह को प्रत्याशी बनाया है, जिन्हें स्थानीय स्तर पर मोकामा के पूर्व विधायक अनंत सिंह का समर्थन मिलने की चर्चा है।
प्रमुख सीटों की वर्तमान स्थिति और घोषित उम्मीदवार:
- पटना स्नातक सीट: जदयू के वरिष्ठ नेता नीरज कुमार के सामने जन सुराज के डॉ. अनुज सिंह मैदान में हैं।
- दरभंगा शिक्षक सीट: कांग्रेस के डॉ. मदन मोहन झा वर्तमान विधान पार्षद हैं, वहीं जदयू ने भी अपना उम्मीदवार उतारा है।
- तिरहुत शिक्षक सीट: सीपीआई के संजय कुमार सिंह इस सीट का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं।
- जन सुराज: पार्टी ने सभी आठों (4 स्नातक और 4 शिक्षक) निर्वाचन क्षेत्रों पर प्रत्याशी उतारे हैं।
शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव का स्वरूप आम विधानसभा चुनाव से अलग होता है। यहां व्यक्तिगत छवि, प्रबुद्ध वर्ग से संवाद और स्थानीय संगठन की पकड़ महत्वपूर्ण मानी जाती है। चुनाव आयोग द्वारा आधिकारिक अधिसूचना जारी होने के बाद ही प्रत्याशियों के नामांकन और अंतिम गठबंधन समीकरण की पूरी तस्वीर साफ हो पाएगी।





