आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना यानी PM-JAY के लाभार्थियों के लिए केंद्र सरकार ने आधिकारिक WhatsApp चैटबॉट 'आयुष्मान सारथी' की शुरुआत की है। इस नई डिजिटल सुविधा के माध्यम से देश के नागरिक अपने मोबाइल फोन पर ही 24 घंटे आयुष्मान कार्ड से जुड़ी कई महत्वपूर्ण सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे।
देश में करोड़ों लोग इस स्वास्थ्य योजना का लाभ ले रहे हैं। सरकार का यह कदम लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने और हेल्पलाइन नंबरों पर लंबा इंतजार करने से राहत दिलाने के उद्देश्य से उठाया गया है। अब अधिकांश जरूरी काम सीधे WhatsApp के माध्यम से संभव हो सकेंगे।

आयुष्मान सारथी चैटबॉट पर मिलने वाली प्रमुख सेवाएं
मोबाइल पर ऐसे उठाएं योजना का लाभ
अगर कोई व्यक्ति यह जांचना चाहता है कि वह PM-JAY योजना के लिए योग्य है या नहीं, तो वह इस चैटबॉट पर अपनी पात्रता देख सकता है। इसके अलावा नया आयुष्मान कार्ड बनवाने के लिए आवेदन करने, पहले से बने कार्ड को डाउनलोड करने, eKYC पूरी करने और आधार को कार्ड से लिंक करने की सुविधा भी यहीं उपलब्ध कराई गई है।
चैटबॉट के जरिए लाभार्थी निम्नलिखित कार्य भी आसानी से कर सकते हैं:

- आयुष्मान कार्ड को लॉक या अनलॉक करना
- अपने इलाज का रिकॉर्ड और वॉलेट से जुड़ी जानकारी देखना
- 70 वर्ष या उससे अधिक आयु के बुजुर्गों के लिए 'आयुष्मान वय वंदना कार्ड' से जुड़ी सेवाएं लेना
- अपने घर के पास योजना से जुड़े पैनल वाले नजदीकी अस्पतालों की खोज करना
- इलाज से जुड़ी शिकायत दर्ज करना, उसकी स्थिति ट्रैक करना या शिकायत वापस लेना
- अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद इलाज पर अपना फीडबैक देना
स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, 'आयुष्मान सारथी' पूरी तरह से सुरक्षित API आधारित सिस्टम पर काम करता है और यह सीधे PM-JAY प्लेटफॉर्म से जुड़ा हुआ है। इससे नागरिकों को रियल-टाइम जानकारी मिलने के साथ-साथ सेवाओं में पारदर्शिता और तेजी भी आएगी।
चैटबॉट का उपयोग करने की प्रक्रिया
WhatsApp पर इस नंबर पर भेजें संदेश
इस सुविधा का इस्तेमाल करना बेहद आसान है। इसके लिए लाभार्थियों को अपने मोबाइल में WhatsApp खोलकर +91 72908 23838 नंबर पर केवल "HI" लिखकर भेजना होगा। इसके बाद चैटबॉट सक्रिय हो जाएगा और स्क्रीन पर सभी उपलब्ध सेवाओं के विकल्प दिखाई देने लगेंगे। इसके अलावा यदि किसी के पास सरकार द्वारा जारी QR कोड है, तो उसे स्कैन करके भी सीधे इस सेवा का उपयोग किया जा सकता है।

यह पहल विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिकों, बुजुर्गों और उन लोगों के लिए बेहद मददगार साबित होगी जिन्हें सरकारी वेबसाइटों या डिजिटल प्लेटफॉर्म्स का ज्यादा अनुभव नहीं है। WhatsApp आज अधिकांश स्मार्टफोन में उपलब्ध होने के कारण, अब आयुष्मान कार्ड से जुड़ी सेवाएं कुछ ही क्लिक में नागरिकों के पास उपलब्ध होंगी।





