बिहार की राजनीति में मचे सियासी घमासान के बीच एक बड़ी खबर सामने आ रही है। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मंगलवार को संसद भवन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से शिष्टाचार मुलाकात की है। इस मुलाकात के दौरान जनता दल (यूनाइटेड) के कार्यकारी अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद संजय झा तथा केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह भी मौजूद रहे। हालांकि, इस मुलाकात को पूरी तरह से औपचारिक एवं शिष्टाचार भेंट बताया गया है, जिसके दौरान दोनों नेताओं के बीच विभिन्न समसामयिक विषयों पर संक्षिप्त चर्चा हुई है।
बांकीपुर उपचुनाव के नतीजों के बाद बढ़ी सियासी हलचल
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है, जब हाल ही में संपन्न हुए पटना की बांकीपुर विधानसभा सीट के उपचुनाव के परिणाम ने बिहार की राजनीति में एक नई चर्चा छेड़ दी है। एनडीए के लिए प्रतिष्ठा का विषय मानी जा रही इस सीट पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को अप्रत्याशित हार का सामना करना पड़ा है। इस हार के तुरंत बाद संसद भवन में हुई इस उच्च स्तरीय मुलाकात को राजनीतिक हलकों में बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है और इसे लेकर तरह-तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।
जनसुराज के प्रशांत किशोर ने दर्ज की शानदार जीत
बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के नतीजों पर नजर डालें तो यहां जनसुराज के प्रमुख प्रशांत किशोर ने एक शानदार जीत दर्ज की है। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार नीरज कुमार को 19,324 मतों के भारी अंतर से पराजित किया है। चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार:
- प्रशांत किशोर (जनसुराज): इन्हें कुल 64,117 वोट मिले, जो कि कुल मतदान का 49.23 प्रतिशत है।
- नीरज कुमार (भाजपा): इन्हें कुल 44,794 वोट प्राप्त हुए, जो कि कुल मतदान का 34.40 प्रतिशत है।
- रेखा गुप्ता (राजद): राष्ट्रीय जनता दल की प्रत्याशी रेखा गुप्ता को मात्र 14,263 वोट मिले, जो कि 10.95 प्रतिशत है और वह तीसरे स्थान पर रहीं।

एनडीए खेमे में मंथन का दौर शुरू
उपचुनाव के इस अप्रत्याशित नतीजे के सामने आने के बाद एनडीए के भीतर हार के कारणों को लेकर गहन मंथन और समीक्षा का दौर शुरू हो गया है। जनता दल यूनाइटेड (जदयू) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) दोनों ही दलों ने इस चुनाव परिणाम की विस्तृत समीक्षा करने की बात कही है। दूसरी तरफ, विपक्षी दल भी इस परिणाम को लेकर लगातार हमलावर हैं और सम्राट सरकार तथा एनडीए गठबंधन पर राजनीतिक बयानबाजी कर रहे हैं। ऐसे गरमाए हुए राजनीतिक माहौल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और नीतीश कुमार की संसद भवन में हुई यह शिष्टाचार मुलाकात राजनीतिक गलियारों में चर्चा का मुख्य केंद्र बनी हुई है।
बिहार की अन्य प्रमुख हलचलें
बिहार में इस समय राजनीतिक सरगर्मियों के साथ-साथ कई अन्य घटनाएं भी चर्चा में हैं। पटना में छात्रों ने अपनी मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया, जहां प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेडिंग तोड़ दी और मुख्यमंत्री आवास के घेराव की कोशिश की। इस दौरान पुलिस द्वारा छात्रों को नियंत्रित करने के लिए वाटर कैनन का भी इस्तेमाल किया गया। वहीं, दूसरी तरफ गोपालगंज में जिलाधिकारी (डीएम) ने जनता दरबार लगाकर फरियादियों की समस्याओं को सुना और अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि जनसमस्याओं के निपटारे में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी मामलों का तय समय सीमा के भीतर निस्तारण किया जाए। इसके अलावा, खगड़िया में 28 साल तक देश की रक्षा करने वाले सूबेदार का भव्य सम्मान किया गया, जिन्हें 'ऑपरेशन सिंदूर का योद्धा' कहा जाता है।





