झारखंड में JPSC-JSSC धांधली को लेकर 16वें दिन भी विरोध जारी, सरकार और छात्रों के बीच तीसरे दौर की वार्ता
झारखंड में झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की परीक्षाओं में धांधली तथा गड़बड़ी के आरोपों को लेकर अभ्यर्थियों का आंदोलन 16वें दिन भी लगातार जारी है। राजधानी रांची में जारी इस विरोध-प्रदर्शन के बीच रविवार को सरकार और छात्र प्रतिनिधियों के बीच तीसरे दौर की बातचीत शुरू हुई। इस वार्ता में दोनों गुटों के छात्र शामिल हैं और 6 सदस्यों की एक टीम सरकार से बातचीत करने पहुंची है। इससे पहले शुक्रवार और शनिवार को हुई दो दौर की वार्ता पूरी तरह बेनतीजा रही थी।
अनशनकारी छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो की हालत बिगड़ी
2 अगस्त से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो की सेहत रविवार तड़के 3 बजे अचानक बिगड़ गई। स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों की देखरेख में स्लाइन चढ़ाकर उनका इलाज किया जा रहा है। रांची में चल रहे इस आंदोलन में कुल 6 छात्र भूख हड़ताल पर बैठे हुए हैं। भूख हड़ताल कर रहे अभ्यर्थियों के स्वास्थ्य की जांच रांची सदर अस्पताल की मेडिकल टीम ने की, जिसका नेतृत्व डॉक्टर एपी सिन्हा कर रहे थे। डॉ. सिन्हा ने बताया कि अनशन पर बैठे छात्रों का वजन घट गया है और उन्हें अस्पताल में भर्ती होने की सलाह दी गई थी, लेकिन छात्रों द्वारा मना किए जाने के बाद मौके पर ही उनका जरूरी इलाज किया गया।

विधायक जयराम महतो का एक दिवसीय निर्जला उपवास और CBI जांच की मांग
झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के सुप्रीमो और डुमरी विधानसभा सीट से विधायक जयराम महतो भी छात्रों की मांगों के समर्थन में उतर आए हैं। वे रविवार को रांची स्थित पुराने विधानसभा परिसर में एक दिवसीय निर्जला उपवास पर बैठे। उन्होंने सरकार से अभ्यर्थियों की मांगों पर जल्द से जल्द सकारात्मक निर्णय लेने का आग्रह किया।
अनशन के दौरान विधायक जयराम महतो ने कहा कि एक विधानसभा सदस्य के रूप में उन्हें लगता है कि उनकी भागीदारी और भूख हड़ताल से सरकार पर कम से कम 1 प्रतिशत अतिरिक्त दबाव जरूर बनेगा। उन्होंने इस पूरे मामले की सीबीआई (CBI) जांच कराने की मांग की। जयराम महतो ने आरोप लगाया कि सरकार अच्छी तरह जानती है कि इस गड़बड़ी के पीछे कौन लोग दोषी हैं। उन्होंने कहा कि यह कोई मामूली मामला नहीं है, बल्कि लाखों रुपये में सीटें बेची जा रही हैं। किसी सामान्य व्यक्ति या छोटे अधिकारी के लिए इतनी बड़ी राशि अकेले पचा पाना असंभव है, इसमें कई शक्तिशाली लोग शामिल हैं और उन्हें बेनकाब होने का डर सता रहा है।

फ्लैश लाइट मार्च, AISA का समर्थन और प्रशासन की निगरानी
आंदोलन के दौरान शहीद निर्मल महतो के शहादत दिवस के अवसर पर छात्रों ने शाम के समय जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से अलबर्ट एक्का चौक तक एक फ्लैश लाइट मार्च निकाला। इसके अलावा, ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा ने शनिवार को भूख हड़ताल पर बैठे छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो से मुलाकात की और उनसे बातचीत कर आंदोलन के प्रति एकजुटता जताई। वहीं, रांची प्रशासन ने सुरक्षा और स्थिति पर नजर रखने के लिए धरनास्थल पर सीसीटीवी कैमरे लगाए हैं। आंदोलनकारी छात्रों ने सोमवार को विधानसभा घेराव का भी ऐलान किया है।
सुप्रीम कोर्ट पहुंचा मामला और सरकार की प्रतिक्रिया
JPSC और JSSC परीक्षा में कथित गड़बड़ी का मामला अब देश की सर्वोच्च अदालत तक पहुंच गया है। वकील सत्यम सिंह के माध्यम से राजनीतिक नेता हरिशरण देवगन ने सुप्रीम कोर्ट में एक जनहित याचिका (PIL) दायर की है, जिसमें चार मुख्य मांगें पूरी करने की अपील की गई है।
दूसरी तरफ, राज्य सरकार ने अभ्यर्थियों और स्टेकहोल्डर्स से सुझाव प्राप्त करने के लिए पहल की है। सरकार की ओर से एक ईमेल आईडी Jpsc.jssc.feedback@gmail.com और फीडबैक नंबर जारी किया गया है। मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने बताया कि सरकार विभिन्न छात्र समूहों और संबंधित पक्षों से मुलाकात करेगी तथा सभी प्राप्त सुझावों का अध्ययन करने के बाद आगे का निर्णय लिया जाएगा।





