बिहार सरकार की एक महत्वपूर्ण और नई पहल के तहत अब हर महीने के आखिरी रविवार को 'पंचायत विकास दिवस' के रूप में मनाए जाने की शुरुआत की गई है। इसी कड़ी में इस बार सारण जिले के दरियापुर प्रखंड अंतर्गत प्रतापपुर ग्राम पंचायत में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें ग्रामीण विकास और महिला सशक्तिकरण पर विशेष जोर दिया गया।

प्रतापपुर ग्राम पंचायत में विशेष आयोजन और मन की बात
इस कार्यक्रम में बिहार के उपमुख्यमंत्री और सारण जिला प्रभारी मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने दीप जलाकर विधिवत रूप से कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस आयोजन की शुरुआत देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकप्रिय रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' के सामूहिक प्रसारण से हुई, जिसे गांव के स्थानीय लोगों, जनप्रतिनिधियों और तमाम सरकारी अधिकारियों ने एक साथ बैठकर सुना।


'महिला हितैषी ग्राम पंचायत' रही इस बार की थीम
इस बार आयोजित हुए पंचायत विकास दिवस की मुख्य थीम 'महिला हितैषी ग्राम पंचायत' निर्धारित की गई थी। इस थीम का प्रमुख उद्देश्य पंचायतों में महिलाओं की सक्रिय भागीदारी को बढ़ाना और उनके विकास को प्राथमिकता सूची में सबसे ऊपर रखना है। ग्राम सभा के दौरान बड़ी संख्या में महिलाओं ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और उत्साह के साथ हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने शिक्षा, रोजगार, स्वास्थ्य तथा आत्मनिर्भरता जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर खुलकर अपने विचार रखे। महिलाओं का कहना था कि पंचायत स्तर पर भागीदारी बढ़ने से उन्हें निर्णय प्रक्रिया में अपनी बात रखने का बेहतर अवसर मिल रहा है।

वक्ताओं ने रखे विचार और साझा कीं विकास योजनाएं
कार्यक्रम के दौरान प्रतापपुर ग्राम पंचायत के मुखिया किशोर कुमार सिंह ने पंचायत में वर्तमान समय में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने यह भी बताया कि आने वाले समय में पंचायत के विकास के लिए कई नई योजनाओं को शुरू किया जाएगा। वहीं, उपविकास आयुक्त लक्ष्मण तिवारी ने उपस्थित ग्रामीणों को पंचायतों के अधिकार और उनकी जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक किया।
अपने संबोधन में उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव ने इस बात पर जोर दिया कि मजबूत पंचायतें ही एक मजबूत गांव और अंततः एक मजबूत बिहार की वास्तविक नींव हैं। उन्होंने राज्य सरकार के फैसलों का जिक्र करते हुए बताया कि बिहार सरकार ने पंचायत चुनावों में महिलाओं को 50 प्रतिशत का आरक्षण देकर एक ऐतिहासिक और क्रांतिकारी कदम उठाया है। कार्यक्रम के अंतिम चरण में जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव ने कार्यक्रम में शामिल हुए सभी सम्मानित अतिथियों, अधिकारियों और दूर-दूर से आए ग्रामीणों का धन्यवाद ज्ञापित किया。






